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Nice
Also maine in dino story section me ek baat notice kari hai jo is kahani ke through point out bhi karna chahta hu wo ye ke naye writer darte hai kahani likhne se apni kalpanao ko explore karne se aur views aur likes ke chakkar me pad kr wahi ghisa pita kahani post krte the aur ek point ke baad use bhi aage nahi likh pate hai though ideas hote hai par drte hai ek koi padega nahi arey bhai tum likhoge nahi to koi padhega kaise Apun aaj bolta hai tum naya kuch likho wether its romance fantasy thriller apun support karega bhido bindas aur ispe discuss karne ke liye is post ko SSCCT me quote karna yaha story thread pe baat nhi.
Congratulations brotherप्रोलॉगहमने हमारी फिल्मों में देखा है सीखा है के लड़का लड़की मिले दोनो में प्यार हुआ दोनो की जिंदगियों में कुछ मुसीबतें आई बाद में दोनो की शादी हो गई दोनो मिल गए और बस कहानी खतम लेकिन इसके बाद की कहानी कोई नही बताता लेकिन क्या हो के किसी लव स्टोरी की शुरुवात ही एक शादी से हो या शादी के बाद हो ?
शादी का रिश्ता बहुत प्यारा और पवित्र होता है। चाहे वह लव मैरिज हो या अरेंज, दोनों में प्यार और विश्वास होना बेहद जरूरी है। अक्सर लोगों के मन में यह सवाल उठता है कि लव मैरिज और अरेंज मैरिज में से कौन सी ज्यादा अच्छी है। कुछ लोग यह धारणा बना लेते हैं कि लव मैरिज में व्यक्ति एक दूसरे के बारे में पहले से सब कुछ जानता है। ऐसे में आगे का जीवन बेहद बोरिंग हो जाता है। वहीं कुछ लोग यह भी धारणा बनाते हैं कि अरेंज मैरिज में एक दूसरे को नहीं जानते ऐसे में अगर भविष्य में उनके विचार नहीं मिले तो क्या होगा।
शादी दो लोगों को एक सूत्र में बांधती है। लेकिन सात फेरे उनके बीच प्यार भी पैदा करें, ऐसा जरूरी नहीं है। खासतौर से, अरेंज मैरिज में दोनों ही व्यक्ति को एक - दूसरे को समझने व प्यार करने में थोड़ा समय लगता है। शादी उनके बीच रिश्ता तो जोड़ देती हैं, लेकिन उस रिश्ते में प्यार को पनपने में समय लगता है। लेकिन इसके लिए दोनों ही व्यक्ति को कुछ कदम आगे बढ़ाने पड़ते हैं।
देखो हमारे भारत में हर कोई लव मैरेज नही करता है आपको पता है भारत में लव मैरिज का परसेंटेज केवल 3 प्रतिशत है और बाकी 97% लोगो की शादी उनके घरवाले ही कराते है जहा दो लोग एक दूसरे से अनजान शादी के पवित्र बंधन में बंधते है।
ये कहानी भी ऐसे ही दो लोगो की है जिन्हे उनके परिवार वालो ने शादी के बंधन में जोड दिया है लेकिन क्या वो इस शादी को निभा पाएंगे? क्या वो इस पवित्र रिश्ते को प्यार की डोर से जोड़ पाएंगे? एक दूसरे को संभाल पाएंगे ?
राघव एक सक्सेसफुल बिजनेस मैन लेकिन उतना ही गुस्से वाला अकडू जिसके लिए गलती की कोई माफी नहीं
नेहा एक खूबसूरत मृगनयनी सुलझी हुई लड़की जिसकी परवरिश उसके चाचा चाची ने की है , क्या होगा जब राघव और नेहा बंधेंगे इस नए रिश्ते की डोर में
क्या नेहा राघव के कठोर दिल में अपने लिए जगह बना पाएगी?
राघव के परिवार में अपनी जगह बना पाएगी?
और इन सब में क्या कोई ऐसा भी होगा जो राघव के दिल को जीतने में नेहा की मदद करे?
अब इन सवालों के जवाब के लिए आपको ये कहानी पढ़नी पड़ेगी तो साथ बने रहिए, रिप्लाइ देते रहीये...
तो मिलते है कल कहानी के पहले अपडेट के साथ अपनी राय देना न भूले।
सायोनारा।
Welcome back adirshi bhai.प्रोलॉगहमने हमारी फिल्मों में देखा है सीखा है के लड़का लड़की मिले दोनो में प्यार हुआ दोनो की जिंदगियों में कुछ मुसीबतें आई बाद में दोनो की शादी हो गई दोनो मिल गए और बस कहानी खतम लेकिन इसके बाद की कहानी कोई नही बताता लेकिन क्या हो के किसी लव स्टोरी की शुरुवात ही एक शादी से हो या शादी के बाद हो ?
शादी का रिश्ता बहुत प्यारा और पवित्र होता है। चाहे वह लव मैरिज हो या अरेंज, दोनों में प्यार और विश्वास होना बेहद जरूरी है। अक्सर लोगों के मन में यह सवाल उठता है कि लव मैरिज और अरेंज मैरिज में से कौन सी ज्यादा अच्छी है। कुछ लोग यह धारणा बना लेते हैं कि लव मैरिज में व्यक्ति एक दूसरे के बारे में पहले से सब कुछ जानता है। ऐसे में आगे का जीवन बेहद बोरिंग हो जाता है। वहीं कुछ लोग यह भी धारणा बनाते हैं कि अरेंज मैरिज में एक दूसरे को नहीं जानते ऐसे में अगर भविष्य में उनके विचार नहीं मिले तो क्या होगा।
शादी दो लोगों को एक सूत्र में बांधती है। लेकिन सात फेरे उनके बीच प्यार भी पैदा करें, ऐसा जरूरी नहीं है। खासतौर से, अरेंज मैरिज में दोनों ही व्यक्ति को एक - दूसरे को समझने व प्यार करने में थोड़ा समय लगता है। शादी उनके बीच रिश्ता तो जोड़ देती हैं, लेकिन उस रिश्ते में प्यार को पनपने में समय लगता है। लेकिन इसके लिए दोनों ही व्यक्ति को कुछ कदम आगे बढ़ाने पड़ते हैं।
देखो हमारे भारत में हर कोई लव मैरेज नही करता है आपको पता है भारत में लव मैरिज का परसेंटेज केवल 3 प्रतिशत है और बाकी 97% लोगो की शादी उनके घरवाले ही कराते है जहा दो लोग एक दूसरे से अनजान शादी के पवित्र बंधन में बंधते है।
ये कहानी भी ऐसे ही दो लोगो की है जिन्हे उनके परिवार वालो ने शादी के बंधन में जोड दिया है लेकिन क्या वो इस शादी को निभा पाएंगे? क्या वो इस पवित्र रिश्ते को प्यार की डोर से जोड़ पाएंगे? एक दूसरे को संभाल पाएंगे ?
राघव एक सक्सेसफुल बिजनेस मैन लेकिन उतना ही गुस्से वाला अकडू जिसके लिए गलती की कोई माफी नहीं
नेहा एक खूबसूरत मृगनयनी सुलझी हुई लड़की जिसकी परवरिश उसके चाचा चाची ने की है , क्या होगा जब राघव और नेहा बंधेंगे इस नए रिश्ते की डोर में
क्या नेहा राघव के कठोर दिल में अपने लिए जगह बना पाएगी?
राघव के परिवार में अपनी जगह बना पाएगी?
और इन सब में क्या कोई ऐसा भी होगा जो राघव के दिल को जीतने में नेहा की मदद करे?
अब इन सवालों के जवाब के लिए आपको ये कहानी पढ़नी पड़ेगी तो साथ बने रहिए, रिप्लाइ देते रहीये...
तो मिलते है कल कहानी के पहले अपडेट के साथ अपनी राय देना न भूले।
सायोनारा।

धन्यवाद भाई
Tumhare pyaar me
aah yeahThere are many stories on this platform and we have read most of them, you have come to us with a new concept, let's see how Raghav and Neha explain this definition of love to us.
