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Adultery राजमाता गामिनीदेवी (सम्पूर्ण)

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hawkzrulez

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यह कथा है सूरजगढ़ की..

सन १७६५ में स्थापित हुए इस राज्य की कीर्ति चारों दिशाओं में फैली हुई थी। स्थापक राजा वीरप्रताप सिंह के शौर्य और अथाग प्रयत्नों से निर्माण हुई यह नगरी, कई मायनों में अपने पड़ोसी राज्यों से कोसों आगे थी। नदी के तट पर बसे होने के कारण विपुल मात्रा में जल राशि उपलब्ध थी। जमीन उपजाऊ थी और किसान महेनतकश थे इसलिए धान की कोई कमी न थी। तट से होकर समंदर के रास्ते चलते व्यापार के कारण यह राज्य समृद्ध व्यापारीओ से भरा पड़ा था। कुल मिलाकर यह एक सुखी और समर्थ राज्य था।

राजा वीरप्रताप सिंह के वंशज राजा कमलसिंह राजगद्दी पर विराजमान थे। उनकी पाँच रानियाँ थी जिसमे से मुख्य रानी पद्मिनी उनकी सबसे प्रिय रानी थी। कमलसिंह की माँ, राजमाता कौशल्यादेवी की निगरानी में राज्य का सारा कारभार चलता था। वैभवशाली जीवन और भोगविलास में व्यस्त रहते राजा कमलसिंह दरबार के दैनिक कार्यों में ज्यादा रुचि न लेते। राजमाता को हमेशा यह डर सताता की कोई पड़ोसी राजा या फिर मंत्रीगण मे से कोई, इस बात का फायदा उठाकर कहीं राज ना हड़प ले। पुत्रमोह के कारण वह कमलसिंह को कुछ कह नहीं पाती थी। उनकी चिंताओ में एक कारण और तब जुड़ गया जब पांचों रानियों में से किसी भी गोद भरने में कमलसिंह समर्थ नहीं रहे थे।

राजमाता कौशल्यादेवी यह बिल्कुल भी नहीं चाहती थी की लोगों को पता चले कि महाराज (राजा) नपुंसक थे। वह चाहती तो कमलसिंह को मनाकर बाकी राजाओं की तरह किसी को गोद ले सकती थी, लेकिन उनके शासन की राजनीतिक कमज़ोरी ने उन्हें इस मानवीय विफलता को सार्वजनिक रूप से स्वीकार करने की अनुमति नहीं दे रही थी।

राजमाता को प्रथम विचार यह आया की हो सकता है की मुख्य रानी पद्मिनी ही बाँझ हो। इसलिए उनका दूसरा कदम था बाकी की रानियों के साथ कमलसिंह का वैद्यकीय मार्गदर्शन के साथ संभोग करवाकर गर्भधारण करवाने का प्रयत्न करना। हालांकि, यह करने से पहले, कमलसिंह ने अपने दूत भेजकर रानी पद्मिनी के पिता, जो एक पड़ोसी मुल्क के शक्तिशाली राजा थे, उनको इस बारे में संदेश भेजा। उस समय में, शादियाँ संबंध के लिए नहीं, राजकीय समीकरणों के लिए की जाती थी। उनकी पुत्री, जो मुख्य रानी थी, उसे छोड़कर राजा अगर दूसरी रानी के साथ संतान के लिए प्रयत्न करता तो रानी के मायके मे बताना बेहद जरूरी था। उनका विवाह ही इसलिए कराया गया था की रानी पद्मिनी की आने वाली नस्ल राज करे। ऐसी नाजुक बातों में लापरवाही बरतने से महत्वपूर्ण राजनैतिक गठबंधन अस्वस्थ हो सकते थे।
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Uzu
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बहुत ही लाजवाब कहानी आपकी इमेजिनेशन का तो कोई जवाब ही नहीं
 
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