juhi gupta Sep 16, 2022 नहीं फुर्सत यकीं मानो हमें कुछ और करने की, तेरी यादें तेरी बातें बहुत मसरूफ़ रखती हैं।
juhi gupta Sep 16, 2022 फिर उसकी याद, फिर उसकी आस, फिर उसकी बातें, ऐ दिल लगता है तुझे तड़पने का बहुत शौक है।
juhi gupta Nov 26, 2021 उसके सिवा किसी और को चाहना मेरे बस में नहीं है, ये दिल उसका है अपना होता तो और बात होती।